आजमगढ़ नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति की 23वीं बैठक का आयोजन संयोजक यूनियन बैंक द्वारा क्षेत्रीय कार्यालय के सभागार में किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता अध्यक्ष, नराकास एवं यूनियन बैंक के क्षेत्र प्रमुख मनीष कुमार ने की। इस अवसर पर अध्यक्ष नराकास व क्षेत्र प्रमुख यूबीआई मनीष कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि 'कल से हिन्दी' वाली मानसिकता से बाहर निकलने की आवश्यकता है। असंभव कुछ भी नहीं है बस हिन्दी के विकास के लिए मजबूत संकल्पना की आवश्यकता है। इस अवसर पर नगर के सभी केंद्र सरकार के संस्थानों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।
सदस्य सचिव सावन सौरभ ने अपनी बात रखते हुए हिन्दी की महत्ता, अड़चनों एवं समाधान की बात की। साथ ही नराकास की पृष्ठ भूमि बताते हुए आज़मगढ़ में भाषा के विकास की संभावनाओं पर सदस्य कार्यालय के प्रमुखों से विमर्श किया और कहा कि समिति के सम्यक प्रयास से ही नराकास आज़मगढ़ को और प्रभावी बनाकर हम आज़मगढ़ में राजभाषा का परचम लहराएंगे।
इस अवसर पर नराकास, आज़मगढ़ की वार्षिक पत्रिका 'तमसा तूलिका' के प्रवेशांक का विमोचन किया गया। साथ ही वित्त वर्ष 2025-26 में हिन्दी में उत्कृष्ट कार्य करने हेतु 5 सदस्य कार्यालय को शील्ड प्रदान किया गया।